भरतकुंड पर्यटन कॉन्क्लेव का दूसरा दिन: भक्ति, साहित्य और प्रकृति का अद्भुत संगम
अयोध्या।भरतकुंड की पावन धरती पर पर्यटन विभाग उत्तर प्रदेश एवं संस्कृति विभाग उत्तर प्रदेश के सहयोग से आयोजित दो दिवसीय पर्यटन कॉन्क्लेव का दूसरा दिन विविध सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक आयोजनों के साथ अत्यंत गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। प्रातःकाल भरतकुंड घाट के किनारे वृक्षारोपण कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया गया। इसके साथ ही पर्यटन गोष्ठी, नारी सशक्तिकरण गोष्ठी एवं पर्यटन यात्रा का आयोजन भी किया गया, जिसमें क्षेत्र की ऐतिहासिक एवं धार्मिक महत्ता पर प्रकाश डाला गया।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण भव्य कवि सम्मेलन रहा, जिसने श्रोताओं को भावविभोर कर दिया। कवि सम्मेलन के आयोजक एवं अवध क्षेत्र के वरिष्ठ गीतकार अम्बरीष चन्द्र पाण्डेय ने अपना चर्चित गीत "भरत भैया त्याग आपका भारी" प्रस्तुत कर उपस्थित जनसमूह को भावुक कर दिया। अवध कोकिला अर्चना द्विवेदी ने भरत जी पर आधारित अपने मधुर छंदों से वातावरण को मंत्रमुग्ध कर दिया। वरिष्ठ कवि विश्व विजय नाथ पांडे ने भगवान राम का अभिनंदन गीत प्रस्तुत कर कार्यक्रम को भक्तिमय ऊंचाइयों तक पहुंचाया, जबकि रामसूरत तिवारी ने शहीदों पर अपनी ओजस्वी कविता से देशभक्ति की भावना जागृत की। नवोदित कवियत्री श्रेया सोनल और शुभ्रा शुक्ला ने भी अपनी प्रभावशाली प्रस्तुतियों से खूब सराहना बटोरी। कवि सम्मेलन का संचालन वरिष्ठ कवि संतोष सिंह ने कुशलता एवं रोचक अंदाज में किया। उन्होंने अपनी चुटीली टिप्पणियों और हास्य के माध्यम से दर्शकों को लगातार बांधे रखा। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में भाजपा नेता शरद तिवारी एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में समाजसेवी चंद्र प्रकाश तिवारी की गरिमामयी उपस्थिति रही।

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