22 को श्रावणी महोत्सव मनाएगी चाणक्य परिषद
अयोध्या।अखिल भारतीय चाणक्य परिषद पूरा ब्लाक की बैठक जिला कार्यकारिणी सदस्य अमरनाथ पांडे राजू के की अध्यक्षता में सम्पन्न हुई। संचालन ब्लॉक उपाध्यक्ष इंद्रपाल ने किया। बैठक के मुख्य अतिथि योगीराज संस्कृत महाविद्यालय के पूर्व प्राचार्य और राष्ट्रपति द्वारा पुरस्कृत डॉक्टर रामतेज पांडे ने अपने संबोधन में कहा कि वैदिक सनातन धर्म के अनुसार मनुष्य के कर्मों में श्रावणी कर्म का विरोध विशेष महत्व है जो जातियों ब्राह्मण, क्षत्रिय व वैश्य विशेषकर ब्राम्हण के लिए यह कर्म अत्यंत आवश्यक है। कहा कि श्रावणी कर्म से वर्ष भर के ज्ञात अज्ञात पापों का शमन हो जाता है तथा मन, शरीर एवं अन्तःकरण शुद्ध हो जाता है। जो ब्राम्हण इस काम को नहीं करता है वह ब्राह्मणों से पतित हो जाता है जो किसी भी शुभ कर्म करने का अधिकारी ही नहीं रह जाता है।
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